प्रधानमंत्री मोदी ने देश में बढ़ते कोरोना मामलों के बीच उच्चस्तरीय बैठक की…

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प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने देश भर में कोविड-19 के बढ़ते मामलों के मद्देनजर 04 अप्रैल 2021 को एक उच्चस्तरीय समीक्षा बैठक की. इस बैठक में महामारी के सतत प्रबंधन और सामाजिक जागरूकता बढ़ाने के साथ ही जन भागीदारी और जन आंदोलन जारी रखने की जरूरत पर बल दिया गया।

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इस बैठक में कैबिनेट सचिव, प्रधानमंत्री के प्रधान सचिव, केंद्रीय स्वास्थ्य सचिव सहित अन्य वरिष्ठ अधिकारी शामिल रहे. प्रधानमंत्री ने संकमण को फैलने से रोकने के लिए टेस्टिंग (जांच), ट्रेसिंग (संपर्कों का पता लगाना), ट्रीटमेंट (उपचार करना), कोविड बचाव संबंधी सावधानियों और टीकाकरण की पांच स्तरीय रणनीति को बेहद गंभीरता तथा प्रतिबद्धता के साथ अपनाने पर जोर दिया।

वैक्सीनेशन अभियान जारी

वायरस के खिलाफ लड़ाई में वैक्सीनेशन अभियान जारी है. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने बैठक के दौरान कोरोना वैक्सीनेशन अभियान की समीक्षा की. केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय के मुताबिक अब तक देश में कुल 7,59,79,651 लोगों को कोरोना वायरस की वैक्सीन लगाई जा चुकी है.

देशव्यापी संक्रमण की स्थिति

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने देश के कुछ हिस्सों में कोविड-19 के बढ़ते मामलों पर 31 मार्च 2021 को चिंता जताई थी और इसे फिर से फैलने से रोकने के लिए ‘तीव्र एवं निर्णायक’ कदम उठाने का आह्वान किया. प्रधानमंत्री ने पिछले महीने कोविड-19 के बढ़ते मामलों के मद्देनजर विभिन्न राज्यों के मुख्यमंत्रियों से डिजिटल मीटिंग की थी और कहा था कि अगर इस बढ़ती हुई महामारी को यहीं नहीं रोका जाएगा तो देशव्यापी संक्रमण की स्थिति बन सकती है.

व्यक्तिगत स्वचछता पर जोर

प्रधानमंत्री कार्यालय की तरफ से जारी एक बयान के अनुसार, छह अप्रैल से 14 अप्रैल के बीच कोविड-19 महामारी के अनुरूप व्यवहार करने मसलन शत-प्रतिशत मास्क के उपयोग, व्यक्तिगत स्वचछता पर जोर देने के साथ ही कोविड बचाव संबंधी सावधानियों के लिए विशेष अभियान चलाया जाएगा.

आवश्यक स्वास्थ्य ढांचा बढ़ाने पर जोर

प्रधानमंत्री ने इस समीक्षा बैठक के दौरान आने वाले दिनों में अस्पतालों में बिस्तरों की उपलब्धता, जांच की उचित व्यवस्था और समय रहते मरीजों को अस्पतालों में भर्ती कराना सुनिश्चित करने को कहा. उन्होंने कोरोना वायरस से होने वाली मृत्यु दर में हर हालत में कमी लाने और इसके लिए आवश्यक स्वास्थ्य ढांचा बढ़ाने पर भी जोर दिया.