राजनांदगांव : 24 गांवों में पेयजल एवं निस्तारी की समस्या के समाधान के लिए कलेक्टर ने दिए निर्देश,शिवनाथ नदी में ग्रेवल पैक्ड नलकूप के साथ ही ईरा में अन्य दो स्थानों पर जल के लिए किया जा रहा उत्खनन….

राजनांदगांव 16 मार्च 2021। कलेक्टर श्री टोपेश्वर वर्मा ने आज कलेक्टोरेट सभाकक्ष में आयोजित साप्ताहिक समय-सीमा की बैठक के दौरान कहा कि गर्मी के दिनों में पेयजल की समस्या को देखते हुए इस पर विशेष ध्यान देने की आवश्यकता है। उन्होंने कहा कि राजनांदगांव विकासखंड के ग्राम सोमनी, फरहद, खुटेली, मनकी, सुंदरा सहित कुल 24 गांवों में पेयजल एवं निस्तारी की समस्या आई है। शिवनाथ नदी में जल स्तर कम होने से यह दिक्कत आई है।

उन्होंने बताया कि इन ग्रामों में पानी की समस्या को देखते हुए खरखरा जलाशय से पानी छोडऩे के लिए कलेक्टर बालोद से बातचीत की गई है। उन्होंने इस समस्या के समाधान के लिए लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी विभाग के कार्यपालन अभियंता को निर्देशित किया। लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी विभाग के कार्यपालन अभियंता श्री एसएन पाण्डे ने कलेक्टर को बताया कि मोंगरा जलाशय से पानी छोड़ा गया है, लेकिन अभी तक राजनांदगांव नहीं पहुंचा है और तीन-चार दिनों में ईरा तक पहुंचेगा। उन्होंने बताया कि लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी विभाग द्वारा ईरा के निकट एक गहरा नलकूप 650 फीट उत्खनन किया जा रहा है। वहीं आज ही और एक गहरा नलकूप 1000 फीट का ईरा ग्राम में उत्खनन किया जाएगा। इसके अतिरिक्त नदी के अंदर ग्रेवल पैक्ड नलकूप दो दिनों के भीतर उत्खनन किया जाएगा। इन नलकूपों में से किसी भी नलकूप में यदि अच्छा पानी निकलता है तो उसे धीरी योजना में जोड़ा जाएगा।  


कलेक्टर श्री टोपेश्वर वर्मा ने कहा कि गर्मी में लू से सावधानी रखने की जरूरत है। सभी एसडीएम, तहसीलदार तथा स्वास्थ्य विभाग इसके लिए सतर्क रहें। लू से बचने के लिए दोपहर में घर से बाहर न निकले, अधिक मात्रा में पानी पीये। उन्होंने कहा कि इसके लिए पर्याप्त प्रचार-प्रसार करें। जिले में  कोविड-19 संक्रमण के केस लगातार बढ़ रहे हैं। लोगों द्वारा प्रोटोकॉल का पालन करने में लापरवाही बरती जा रही है। उन्होंने सभी अधिकारियों को सख्त निर्देश देते हुए कहा कि सभी चौक-चौराहों में जिला स्तरीय अधिकारी मास्क नहीं लगाने वालों पर चालानी कार्रवाई करें।

महाराष्ट्र के साथ दुर्ग और रायपुर में लगातार कोविड-19 के केस बढ़ रहे हैं, इसलिए अधिक सतर्क रहने की जरूरत है। महाराष्ट्र से बस से आने वाले यात्रियों के नामों की सूची बनाने के लिए कहा। उन्होंने कोविड-19 की सैम्पलिंग बढ़ाने के निर्देश दिए। जिले के अधिकतर विकासखंड अन्य राज्यों की सीमा से लगे हुए हैं। इन विकासखंडों के गांवों में लगातार सैम्पलिंग करें। कोरोना संक्रमण मिलने पर कॉन्टे्रक्ट ट्रेसिंग करके संपर्क आने वाले लोगों की जांच जरूर करें। उन्होंने कहा कि वैक्सीनेशन में लक्ष्य के अनुरूप वैक्सीनेशन होनी चाहिए। जिले में 78 स्थानों पर टीकाकरण की सुविधा दी गई है। वहीं राजनांदगांव में 15 प्राईवेट हॉस्पिटल में टीकाकरण किया जा रहा है।


कलेक्टर श्री वर्मा ने कहा कोरोना के कारण अन्य शासकीय कार्यों की गति कम नहीं होनी चाहिए। विभागों को कार्य दिया गया है वे समय पर पूरा करें। इसके लिए अधिक मेहनत करने की जरूरत है। उन्होंने गोधन न्याय योजना की समीक्षा करते हुए कहा कि गौठानों में लगातार गोबर खरीदी होनी चाहिए। इसके साथ ही वर्मी कम्पोस्ट के निर्माण में तेजी लाकर इसके विक्रय और निराकरण का कार्य करें। वर्मी कम्पोस्ट के विक्रय के लिए रणनीति बनाएं। जो किसान वर्मी कम्पोस्ट क्रय करना चाहते है उनकी लिस्टिंग तैयार करें और फसल आने पर उन किसानों को विक्रय करें। छात्रावास, आश्रम, आंगनबाड़ी केन्द्र, स्कूल, ग्राम पंचायत और अन्य शासकीय विभागों को वर्मी कम्पोस्ट खरीदने के लिए कहा।

कलेक्टर श्री वर्मा ने वर्षा ऋतु में पौधरोपण के लक्ष्य को पूरा करने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने कहा कि वन विभाग फलदार, छायादार वृक्षों का वितरण करें। इसकी सुरक्षा के लिए सभी तैयारी पहले ही की जाए। उन्होंने जिले में 8 नये इंग्लिश मीडियम स्कूल की प्रगति की जानकारी लेते हुए कहा कि 15 जून तक भवन निर्माण कार्य पूरा होनी चाहिए। इसके लिए आर्किटेक्ट से ले-आउट तैयार कर टेंडर जारी करें। स्कूल के लिए निर्धारित मापदण्ड के अनुसार लैब, पुस्तकालय तथा अन्य सभी व्यवस्था होनी चाहिए। उन्होंने वॉटर हार्वेस्टिंग की जानकारी लेते हुए अधिक से अधिक प्रगति लाने कहा। इस अवसर पर मुख्य कार्यपालन अधिकारी जिला पंचायत श्री अजीत वसंत, वनमंडलाधिकारी राजनांदगांव श्री एन गुरूनाथन, अपर कलेक्टर श्री हरिकृष्ण शर्मा, अपर कलेक्टर श्री सीएल मारकण्डेय,  एसडीएम राजनांदगांव श्री मुकेश रावटे सहित जिला स्तरीय अधिकारी उपस्थित थे। वीडियो कांफ्रेसिंग के जरिए विकासखंड स्तरीय अधिकारी जुड़े रहे।