
दुर्ग। भारती विश्वविद्यालय, दुर्ग में शिक्षक दिवस के अवसर पर नवप्रवेशित विद्यार्थियों के लिए इंडक्शन कार्यक्रम एवं शिक्षक सम्मान समारोह का आयोजन किया गया। इंडक्शन कार्यक्रम एवं शिक्षक सम्मान समारोह के अवसर पर विश्वविद्यालय के कुलाधिपति श्री सुशील चन्द्राकर ने नवप्रवेशित छात्र-छात्राओं का स्वागत किया।
उन्होंने कहा कि भारती विश्वविद्यालय शिक्षा का एक बेहतर प्लेटफाॅर्म प्रदान करता है। आरंभ में डीन अकादमिक प्रो. आलोक भट्ट ने स्वागत वक्तव्य दिया और भारती विश्वविद्यालय व भारती ग्रुप के बारे में विस्तार से बताया। उन्होंने कहा कि भारती विश्वविद्यालय में अध्ययन-अध्यापन के साथ-साथ सह-पाठ्यक्रम गतिविधियों का आयोजन वर्षभर किया जाता है।
इस अवसर पर विधि संकाय के डीन प्रो. के.सी. दलाई ने कहा कि शिक्षक पथ प्रदर्शक होता है और लक्ष्य को प्राप्त करने में मदद करता है। भारती विश्वविद्यालय में सभी नव प्रवेशित छात्र-छात्राओं का स्वागत करते हुए प्रो. दलाई ने कहा कि जीवन में नैतिकता का बहुत महत्व है और जिस क्षेत्र में भी अपना कॅरियर बनाएं वहां उच्च नैतिकता को स्थापित कीजिए।
इस अवसर पर भारती विश्वविद्यालय से श्री प्रबोध ने विश्वविद्यालय में संचालित विभिन्न पाठ्यक्रमों की जानकारी दी। उन्होंने बताया कि बी.एस-सी. (फारेंसिक साइंस), मास्टर आॅफ पब्लिक हेल्थ, एलएलबी, एलएलएम, बीए-एलएलबी, बी.काॅम एलएलबी एव ंबी.एस-सी एलएलबी सहित कई पाठ्यक्रम संचालित हैं जिनमें प्रवेश लेकर छात्र-छात्राएं अपना भविष्य उज्ज्वल बना सकते हैं।
समाजशास्त्र एवं समाज कार्य विभाग के सहायक प्राध्यापक डाॅ. स्नेह कुमार मेश्राम ने एनएसएस और गोद ग्राम गतिविधियों की जानकारी दी। उन्होंने कहा कि एनएसएस और गोद ग्राम गतिविधियों के माध्यम से हमें समाज सेवा करना का सुनहरा अवसर मिलता है। इस अवसर पर सह-पाठ्यक्रम गतिविधियों पर आधारित एक वीडियो का भी प्रदर्शन किया गया।
कुलसचिव डाॅ. वीरेन्द्र कुमार स्वर्णकार ने कहा कि भारती विश्वविद्यालय में छात्र-छात्राओं को सभी आवश्यक सुविधाएं प्रदान की जाती हैं। छात्र-छात्राओं को स्कालरशिप, फेलाशिप, प्लेसमेंट इत्यादि सुविधाएं मिलती हैं।
इस अवसर पर शिक्षकों को सम्मानित किया गया। सम्मानित शिक्षकों में श्री जयनेंद्र कुमार पटेल, श्री योगेश देशमुख, श्री बीरबल साहू, डाॅ. अंजू चन्द्राकर और श्री प्रतीक योनार्धन शामिल है। कार्य्रम का संचालन डाॅ. संचीता चटर्जी, डाॅ. स्मृति खारा एवं डाॅ. गायत्री गौतम ने किया। धन्यवाद ज्ञापन डाॅ. डी.सी. परसाई ने किया।
इस अवसर पर श्री घनश्याम साहू, डाॅ. समन सिद्धिकी, डाॅ. निधि वर्मा, डाॅ. मुकेश कुमार राय, डाॅ. नम्रता गेन, डाॅ. भावना जंघेल, डाॅ. गुरु सरन लाल, डाॅ. श्वेता सिंह, डाॅ. रोहित वर्मा, डाॅ. वंदना श्रीवास, डाॅ. मनोज मौर्या, डाॅ. स्वाति पाण्डेय सहित बड़ी में प्राध्यापकगण और नव प्रवेशित विद्यार्थी उपस्थित थे।









































