
खैरागढ़ भाजपा की केंद्रीय चुनाव समिति ने छत्तीसगढ़ की 21 सीटों पर प्रत्याशियों की घोषणा करते खैरागढ़ विधानसभा क्षेत्र से जिला पंचायत उपाध्यक्ष विक्रांत सिंह को अपना प्रत्याशी घोषित किया है लगातार तीन हार के बाद आखिरकार भाजपा ने जातिवाद को छोड़कर सामान्य और युवा वर्ग को उम्मीदवार बनाकर बेहतर संतुलन बनाने का प्रयास किया है भाजपा की सूची जारी होते ही शहर सहित इलाकों में बधाइयां का सिलसिला शुरू हो गया है।
पिछले तीन विधानसभा चुनाव में भाजपा को करारी मात मिल रही थी। 2013 के विधानसभा चुनाव में भाजपा उम्मीदवार कोमल जंघेल 22 सौ मतों से परास्त हुए थे। 2018 के चुनाव में फिर से करीबी हार के बाद कोमल जंगल को डेढ़ साल पहले हुए उपचुनाव में बड़ी हार का सामना करना पड़ा था। नगर पंचायत अध्यक्ष के रूप में 2005 से अपनी राजनीति शुरू करने वाले विक्रांत पिछले दो चुनाव में सबसे बड़े दावेदार के रूप में सामने आए थे लेकिन भाजपा उन्हें मौका नहीं दे पाई इस दौरान विक्रांत सिंह नगर पालिका जनपद अध्यक्ष के साथ कांग्रेस की सत्ता आने के बाद भी जिला पंचायत चुनाव में रिकॉर्ड जीत के बाद जिला पंचायत में उपाध्यक्ष पद पर निर्वाचित हुए। पूरे विधानसभा में अपना वर्चस्व स्थापित करने में सफल रहे विक्रांत सिंह को आखिरकार अब विधायक प्रत्याशी घोषित किया गया है।
भाजपा ने मनाया जश्न : गुरुवार को विक्रांत सिंह के नाम की घोषणा होते ही शहर में भाजपाई जश्न मनाने सड़कों पर उतर आए और चौक चौराहों में पटाखे फोड़े गए प्रत्याशी घोषित होने के दौरान विक्रांत सिंह जिला पंचायत अध्यक्ष, उपाध्यक्ष की बैठक में गोवा में थे चर्चा में विक्रांत सिंह ने प्रत्याशी घोषित करने पर पार्टी के केंद्रीय एवं राज्य नेतृत्व सहित भाजपा नेताओं सहयोग कर रहे लोगों का आभार जताते विश्वास व्यक्त किया कि कांग्रेस की सत्ता से परेशान जनता भाजपा की सरकार बनाने में अपना पूर्ण समर्थन देगी।









































