
➡️ राष्ट्रपति को भेजा ज्ञापन, NIA जांच व कड़ी कार्रवाई की मांग

राजनांदगांव। दिल्ली में 10 नवंबर 2025 की शाम लाल किले के निकट कार में हुए विस्फोट से पूरे देश में दहशत का माहौल है। इस आतंकी घटना में 12 निर्दोष नागरिकों की मौत हो गई, जबकि सैकड़ों लोग घायल हुए। इस जघन्य कृत्य के विरोध में राजनांदगांव के मुस्लिम समाज ने गहरा आक्रोश व्यक्त करते हुए महामहिम राष्ट्रपति जी नई दिल्ली को कलेक्टर एवं जिला दंडाधिकारी के माध्यम से ज्ञापन सौंपा।
मुस्लिम समाज ने अपने ज्ञापन में कहा कि यह हमला न केवल निर्दोष लोगों पर कायराना वार है बल्कि भारत की सामाजिक समरसता को क्षति पहुँचाने की कोशिश भी है। समुदाय ने लिखा है कि आतंकवादियों के ऐसे नापाक इरादे भारतीय जनता कभी सफल नहीं होने देगी। समाज ने मांग की है कि एनआईए से घटना की गहन जांच कर दोषियों को कठोरतम सजा दी जाए। भविष्य में ऐसी घटनाओं को रोकने हेतु ठोस सुरक्षा उपाय किए जाएं। आतंकवाद के जड़ से खात्मे के लिए केंद्र सरकार निर्णायक कदम उठाए।
ज्ञापन पर शहर की सभी मस्जिदों के मुतवल्ली, अध्यक्ष एवं पदाधिकारियों के हस्ताक्षर मौजूद हैं, जिनमें रईस अहमद सकील (मुतवल्ली-अध्यक्ष), तनवीर अहमद (लायन सदर), अब्दुल रशीद खान (सेक्रेटरी), मोहम्मद फारूख (खजांची), इब्राहीम मुन्ना (ज्वाइंट सेक्रेटरी), सकलैन रज़ा, हुसैन अंसारी, फेरोज सौदागर, असफाक कुरैशी, इमाम हबीब मुगल सहित अनेक सदस्य शामिल हैं। समाज ने कहा कि वे आतंकवाद के हर रूप का विरोध करते हैं और देश की एकता-अखंडता को सर्वोपरि मानते हैं।









































