
राजनांदगांव- छत्तीसगढ मूर्तिकार और चित्रकार संघ ने शहर के स्व पद्मश्री गोविन्द राम निर्मलकर आडिटोरियम में एक दिवसीय राष्ट्रीय सम्मेलन का आयोजन किया। कार्यक्रम में पूर्व मुख्यमंत्री और भारतीय जनता पार्टी के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष डा रमन सिह शामिल हुए।आयोजन में छत्तीसगढ मूर्तिकार और चित्रकार संघ ने अपने अनुभव को साझा किया। सम्मेलन मे पूर्व मुख्यमंत्री और भारतीय जनता पार्टी के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष डा रमन शामिल हुए ।

इस अवसर पर मूर्तिकारो ने पूर्व मुख्यमंत्री से मांग की कि मूर्ति कला बोर्ड के माध्यम से हर जाति वर्ग के मूर्तिकारो को लाभ मिलना चाहिए।मूर्तिकारो ने बताया कि छत्तीसगढ़ में जाति विशेष के लोगो को ही माटी कला बोर्ड की योजनाओ का लाभ मिल पाता है जबकि मूर्तिकला चित्र कला एव मिट्टी की कलाकारी से अनेक जाति धर्म के लोग जुडे हुए हैं। मूर्तिकारो ने कहा कि कलाकारों के लिए रोजगार की नई योजना बनानी चाहिए। वर्तमान में जो योजनाए है वे सिर्फ कुंभकार वर्ग तक सीमित है। संघ ने चीन से मूर्तिया आयात किये जाने पर प्रतिबंध लगाने की मांग की।
मूर्तिकारों और चित्रकारों ने कहा कि सरकारी विभागों द्वारा शहर को सुंदर बनाने के लिए अनेक चौराहों, दीवारों पर पेंटिंग करने का ठेका उन लोगों को दिया जाता है जिनका कला से दूर-दूर तक संबंध नहीं होता। वे लोग कलाकारों को मजदूरी देकर आधा-अधूरा कार्य करवाते हैं। चित्रकारी का काम वास्तविक चित्रकारों, कलाकारों को ही दिया जाए। इस पर पूर्व मुख्यमंत्री डा रमन सिह ने कहा कि मूर्तिकारो ने शासन स्तर मांग की है उन्हे पूरा करने का प्रयास करने का आश्वासन दिया है।राष्ट्रीय सम्मेलन में पूर्व मुख्यमंत्री डा रमन सिह ने वरिष्ठ चित्रकारो एव मूर्तिकारो का सम्मान प्रशस्ति पत्र भेट कर किया।
समारोह में जिला भाजपा के अध्यक्ष मधूसूदन यादव, नेता प्रतिपक्ष किसून यदु के अलावा भाजपा पदाधिकारी कार्यकर्ता सहित प्रदेश भर के मूर्तिकार एव चित्रकार उपस्थित थे।












































