
कांकेर। घोटिया के खेत की लाड़ी में रहने वाले मृतक, पत्नी व माँ के साथ में रात को सोया था। रात को चार नकाबपोशो ने बुजुर्ग को लाड़ी से 15 मीटर की दूरी ले जाकर हत्या करके रस्सी से पेड़ पर लटका दिया। हत्या की खबर मिलते ही पुलिस दल बल के साथ घटनास्थल पहुँचे और परिजनों व अन्य लोगों से भी बातचीत किया वहीं फारेंसिक टीम ने सबूत एकत्र किए और डॉग स्कॉट का भी उपयोग किया गया, परंतु उससे ज्यादा सुराग कुछ नहीं मिला।

मृतक के बड़े बेटे 30 वर्षीय तुर सिंह कुमेटी जो गाँव में रहता है, उसने बताया कि मेरे पिता 70 वर्षीय दरियाव कुमेटी, माँ 60 वर्षीय महंतीन कुमेटी व दादी मनारो बाई कुमेटी के साथ खेत लाड़ी में सोए हुए थे। आधी रात करीब साढ़े 12 बिजली बंद लाईट बंद हुई, उसी समय दरवाजा खटखटाने का आवाज आया। दरवाजा खटखटाने पर पिता उठकर बाहर निकल रहे थे, मों ने मना किया, इसके बावजूद पिता ने दरवाजा खोल दिया।
दरवाजा के खुलते ही चार नकाबपोश पिता को बाहर खींच लिए और माँ को वापस कमरे में धकेलकर बाहर से दरवाजा बंद कर दिया। माँ द्वारा लगातार अंदर से दरवाजा खोलने का प्रयास किया, परंतु दरवाजा नहीं खुला और बाहर से कोई आवाज नहीं आया। सुबह बगल के कमरे में सो रही दादी द्वारा दरवाजा को खोलने पर माँ कुछ दूर लाड़ी में रहने वाले पहचान वालों को बुलाने जा रही थी कि रास्ते में पिता फांसी पर लटकते मिले, जिसे देख मॉ बिलखते हुए सभी को बताया।









































