
बांधाबाजार -संत शताब्दी वर्ष के पावन अवसर पर ग्राम बांधाबाजार, खंड अम्बागढ़ चौकी में विजयदशमी शपथ संचलन का आयोजन अत्यंत उत्साह, अनुशासन और भक्ति भाव के साथ किया गया।

कार्यक्रम का उद्देश्य समाज में सेवा, संस्कार और एकता की भावना को सशक्त करना रहा।
कार्यक्रम के मुख्य वक्ता श्री जितेंद्र जी शर्मा ने उपस्थित स्वयंसेवकों और ग्रामवासियों को संबोधित करते हुए कहा कि “विजयदशमी केवल बुराई पर अच्छाई की विजय का पर्व नहीं, बल्कि यह आत्म-सुधार और समाज कल्याण का संदेश देने वाला दिवस है।”

उन्होंने संत परंपरा के आदर्शों पर प्रकाश डालते हुए सेवा, समर्पण और राष्ट्रहित में कार्य करने का आह्वान किया।
इस अवसर पर विशेष रूप से श्री उमेंद्र देवांगन, चिन्ताराम नायक, रूपेंद्र सिन्हा,मनहरण लाल पिथौरा, सतीश खंडेलवाल, लेकेश्वर ठाकुर, नीलकंठ कोमरे सहित बड़ी संख्या में स्वयंसेवक बंधु उपस्थित रहे।
सभी ने एक स्वर में संगठन, सेवा और समाज समरसता की भावना के प्रति निष्ठा की शपथ ली।
शपथ संचलन के दौरान स्वयंसेवकों ने अनुशासन और एकरूपता का सुंदर प्रदर्शन करते हुए ग्राम का भ्रमण किया। ग्रामवासियों ने पुष्पवर्षा कर उनका स्वागत किया।
इस अवसर पर बाल स्वयंसेवकों द्वारा देशभक्ति गीत, सुभाषित और अमृत वचन प्रस्तुतियाँ दी गईं, जिससे वातावरण राष्ट्रभक्ति से ओतप्रोत हो उठा।
कार्यक्रम का संचालन श्री भुनेश्वर सेन द्वारा किया गया तथा धन्यवाद ज्ञापन श्री मनहरण लाल पिथौरा ने दिया। अंत में राष्ट्रगीत के साथ कार्यक्रम का समापन हुआ।
कार्यक्रम के उपरांत स्वयंसेवकों ने ग्राम में स्वच्छता अभियान चलाकर सेवा और अनुशासन का उदाहरण प्रस्तुत किया।
यह आयोजन संत शताब्दी वर्ष के संदेश — “सेवा, संस्कार और संगठन ही राष्ट्र निर्माण की आधारशिला हैं” — को जन-जन तक पहुँचाने में सफल रहा।









































