
राजनांदगांव। कलेक्टर कार्यालय खैरागढ़ में कंप्यूटर ऑपरेटर की नौकरी दिलाने के नाम पर पांच लोगों से 11 लाख रुपये की धोखाधड़ी करने के मामले में पुलिस ने मुख्य आरोपी को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है।
मामले में देवेन्द्र कुमार गोरले, पिता स्व. प्रेमलाल गोरले, निवासी गौतम नगर वार्ड नं. 02, डोंगरगढ़, जिला राजनांदगांव को 24 घंटे के भीतर गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर जेल भेजा गया।

पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार 24 फरवरी 2026 को प्रार्थी धीरज साहू, पिता स्व. रामकुमार साहू ने थाना पहुंचकर रिपोर्ट दर्ज कराई कि आरोपी देवेन्द्र कुमार गोरले एवं जय प्रकाश यादव द्वारा कलेक्टर ऑफिस खैरागढ़ में कंप्यूटर ऑपरेटर की नौकरी लगवाने का झांसा देकर अलग-अलग लोगों से कुल 11,00,000 रुपये की ठगी की गई है।
प्रार्थी की शिकायत पर पुलिस ने अपराध क्रमांक 97/2026 धारा 420, 34 भादवि के तहत मामला दर्ज कर विवेचना शुरू की।
घटना की गंभीरता को देखते हुए पुलिस अधीक्षक सुश्री अंकिता शर्मा के निर्देशन, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक श्री कीर्तन राठौर के मार्गदर्शन तथा एसडीओपी डोंगरगढ़ श्री केशरी नंदन नायक के पर्यवेक्षण में थाना प्रभारी निरीक्षक संतोष जायसवाल के नेतृत्व में टीम गठित कर कार्रवाई की गई।
जांच के दौरान पर्याप्त साक्ष्य मिलने पर आरोपी देवेन्द्र कुमार गोरले को हिरासत में लेकर पूछताछ की गई और तत्पश्चात 24 घंटे के भीतर गिरफ्तार कर माननीय न्यायालय में पेश किया गया, जहां से उसे न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया गया।
पुलिस ने नागरिकों से अपील की है कि नौकरी दिलाने या इनाम जीतने जैसे प्रलोभनों में आकर किसी को भी पैसे न दें और किसी भी संदिग्ध गतिविधि की सूचना तुरंत पुलिस को दें।










































