राजनांदगांव: फर्जी फसल बीमा घोटाले में दो आरोपी गिरफ्तार, 23 लाख से अधिक की ठगी का खुलासा…

राजनांदगांव। थाना छुरिया पुलिस ने फसल बीमा योजना में फर्जीवाड़ा करने के मामले में त्वरित कार्रवाई करते हुए दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है। आरोपियों ने दूसरे की भूमि पर लगी केले की फसल को अपनी बताकर चना फसल दर्शाते हुए फर्जी फसल बीमा कराया और बीमा राशि अपने बैंक खातों में अंतरित करा ली।

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गिरफ्तार आरोपियों में अमित वर्मा (30 वर्ष), निवासी मासूल, थाना घुमका तथा परमेश्वर साहू (39 वर्ष), निवासी खूंटा छुरिया, थाना छुरिया, जिला राजनांदगांव शामिल हैं। दोनों आरोपियों को न्यायिक रिमांड पर भेजा जा रहा है।


दिनांक 08 सितंबर 2025 को खुज्जी विधानसभा क्षेत्र की पूर्व विधायक श्रीमती छन्नी साहू द्वारा शिकायत दर्ज कराई गई थी। शिकायत में बताया गया कि ग्राम आमगांव, थाना छुरिया स्थित रैलिस बायो एनर्जी प्रा. लिमिटेड के नाम दर्ज लगभग 50 हेक्टेयर भूमि पर पिछले एक वर्ष से अधिक समय से केले की फसल लगी हुई थी। इसके बावजूद वर्ष 2024-25 में उक्त भूमि पर चना फसल दर्शाकर फसल बीमा कराया गया। बिना फसल कटाई एवं पंचनामा के, कथित रूप से अधिकारियों एवं बीमा एजेंट की मिलीभगत से चना फसल में नुकसान बताकर 25 लाख रुपये से अधिक की बीमा राशि का भुगतान करा लिया गया।

शिकायत पर कलेक्टर राजनांदगांव के निर्देश पर तहसीलदार छुरिया श्री विजय कोठारी की अध्यक्षता में पांच सदस्यीय जांच दल गठित किया गया। जांच में यह तथ्य सामने आया कि ब्लॉक कोऑर्डिनेटर (भारतीय कृषि बीमा कंपनी) अमित वर्मा तथा सी.एस.सी. संचालक परमेश्वर साहू ने आपसी मिलीभगत से कूटरचित दस्तावेज पोर्टल पर अपलोड कर फर्जी फसल बीमा कराया। इसके जरिए 23,28,944.35 रुपये की राशि परमेश्वर साहू, उसकी पत्नी गंगेश्वरी साहू तथा रुक्मणी कंवर के बैंक खातों में अंतरित कराई गई।

पुलिस कार्रवाई
कृषि विभाग के लिखित प्रतिवेदन पर थाना छुरिया में अपराध क्रमांक 294/2025 धारा 316(5), 318(4), 336(2), 336(3), 338, 340(2), 61(2) बीएनएस के तहत मामला दर्ज किया गया। पुलिस अधीक्षक सुश्री अंकिता शर्मा के निर्देशन तथा वरिष्ठ अधिकारियों के मार्गदर्शन में छुरिया पुलिस ने 13 दिसंबर 2025 को दोनों आरोपियों को हिरासत में लेकर पूछताछ की, जिसमें उन्होंने अपराध स्वीकार किया।

इसके बाद 14 दिसंबर 2025 को दोनों आरोपियों को विधिवत गिरफ्तार कर माननीय न्यायालय में न्यायिक रिमांड हेतु प्रस्तुत किया गया। पुलिस के अनुसार प्रकरण की विवेचना जारी है और जांच के दौरान अन्य आरोपियों की संलिप्तता पाए जाने पर उनके विरुद्ध भी वैधानिक कार्रवाई की जाएगी।