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राजनांदगांव : राहुल गांधी की विदेशी मंच से देश विरोधी बयानबाजी शर्मनाक  : मधुसूदन यादव…

अंतर्राष्ट्रीय मंच पर देश को अपमानित करके अपना राजनीतिक भविष्य संवारने में लगे हैं राहुल गांधी : मधु

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राजनांदगांव – कांग्रेस के राष्ट्रीय स्तर के नेता राहुल गांधी द्वारा विदेश जाकर अपने देश एवं प्रधानमंत्री के विरुद्ध बयानबाजी की हरकत को पूर्व सांसद राजनांदगांव मधुसूदन यादव ने शर्मनाक, अशोभनीय एवं आपत्तिजनक बताया है। उन्होंने आरोप लगाया है की हाल ही में ब्रिटेन के कैंब्रिज विश्वविद्यालय में सभा को संबोधित करते हुए कांग्रेस पार्टी के वरिष्ठ नेता राहुल गांधी ने एक बार फिर भारत देश को अंतरराष्ट्रीय मंच पर बदनाम और अपमानित करके अपने राजनैतिक भविष्य को संवारने का कुप्रयास किया है।

सस्ती लोकप्रियता हासिल करने के लिए और संकीर्ण राजनीतिक मानसिकता के चलते विदेश में जाकर अपने ही देश को नीचा दिखाने पर तुले हुए राहुल गांधी को आड़े हाथों लेते हुए प्रदेश भाजपा उपाध्यक्ष मधुसूदन यादव ने कहा है कि बड़े पद के साथ बड़ा दायित्व भी प्राप्त होता है लेकिन, 52 वर्ष की आयु पूर्ण कर चुके राहुल गांधी को आज भी अपनी जिम्मेदारियों का थोड़ा भी एहसास नहीं है ।

भारतीय लोकतंत्र में विपक्षी दल के वरिष्ठ नेता होने के नाते राहुल गांधी को सरकार का विरोध करने का पूरा अधिकार है किंतु भारत के सम्मानीय नागरिक एवं लोकसभा के माननीय सदस्य होने के नाते उनके कुछ दायित्व भी हैं, जिनका राहुल गांधी को बिल्कुल भी भान नहीं है। राहुल गांधी का विदेशी मंचों पर जाकर देश के खिलाफ जहर उगलने और तिरस्कृत करने का यह खेल देश की विश्व गुरु की छवि को धूमिल कर रहा है , जो किसी भी कीमत पर स्वीकार्य नहीं है। प्रदेश भाजपा उपाध्यक्ष मधुसूदन यादव ने राहुल गांधी को आड़े हाथों लेते हुए कहा है कि जब आप विदेशी मंचों पर सभा को संबोधित करते हैं तो लोग विश्वगुरु भारत देश के प्रतिनिधि के रूप में आपका आंकलन करते हैं।

आप उस मंच का कैसे उपयोग कर रहे हैं और उस मंच से दुनिया को क्या संदेश दे रहे हैं, इस पर पूरे विश्व का ध्यान केंद्रित रहता है। ऐसे समय में आपके साथ, आपके देश के 136 करोड़ लोगों की प्रतिष्ठा भी जुड़ी रहती है, जिसे राहुल गांधी निजी स्वार्थ के चलते बर्बाद करने पर आमादा हैं। कई बार राहुल गांधी नासमझी की सारी हदें पार करते हुए भारत देश के पड़ोसी चीन और पाकिस्तान से भाईचारा निभाते हुए अंतरराष्ट्रीय मंचों पर इन दोनो देशों की तारीफ करने से भी नहीं चूकते।

इसके कारण इन देशों को वैश्विक मंच पर अलग थलग करने की भारत के कूटनीतिक प्रयासों और किलेबंदी को कई बार आघात लगा है, किंतु राहुल गांधी को इसकी कोई परवाह नहीं है, और वो अपनी बचकानी हरकतों से बाज नहीं आ रहे हैं । प्रदेश भाजपा उपाध्यक्ष मधु ने राहुल गांधी पर यह भी आरोप लगाया है कि वह देश के आंतरिक मामलों को विदेशी मंचों पर उछाल कर विदेशी ताकतों को मजबूत कर रहे हैं,

जबकि, अपने देश के आंतरिक मामलों को अपने देश के भीतर ही आपसी सामंजस्य से सुलझा लेने में समझदारी है अन्यथा विघटनकारी विदेशी ताकतें इसका गलत लाभ उठा सकती हैं किंतु यह बात वरिष्ठ कांग्रेसी नेता राहुल गांधी कब समझेंगे यह चिंता का विषय है। पूर्व सांसद मधुसूदन यादव ने राहुल पर कटाक्ष करते हुए कहा है की लोग अब राहुल की घिसीपिटी बातों को गंभीरता से नहीं लेते, जब राहुल कहते हैं कि कौव्वा कान ले उड़ा उसके पीछे दौड़ो, तो लोग पहले अपना कान टटोलते है। इन सब तथ्यों के जानते बूझते भी यदि हमारे मुख्यमंत्री भूपेश बघेल सहित कतिपय  कांग्रेसी नेताओं को राहुल गांधी में देश का भविष्य नजर आता है, तो उन्हें ईश्वर सद्बुद्धि प्रदान करें,  यही मेरी उनके लिए प्रार्थना है।

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