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रायपुर : ’पेसा’ को प्रभावी ढंग से लागू करने नियम बनाने तेजी से चल रही है कार्यवाही, जल्द लेगा मूर्त रूप – टी.एस. सिंहदेव…

पंचायत एवं ग्रामीण विकास मंत्री ने ‘पेसा’ नियमों के प्रारूप पर की रायशुमारी

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अनुसूचित जाति एवं अनुसूचित जनजाति विकास मंत्री डॉ. प्रेमसाय सिंह टेकाम, सांसद श्रीमती ज्योत्सना महंत एवं विधायकों ने रखे अपने सुझाव

रायपुर. 17 नवम्बर 2021पंचायत एवं ग्रामीण विकास मंत्री श्री टी.एस. सिंहदेव ने ‘पेसा (Panchayatiraj Extension in Scheduled Areas)’ कानून को लागू करने इसके प्रस्तावित नियमों के प्रारूप पर प्रदेश के अनुसूचित क्षेत्रों के सांसदों एवं विधायकों से रायशुमारी की और उनसे सुझाव मांगे। उन्होंने सिविल लाइन स्थित नवीन विश्राम भवन में आज हुई बैठक में कहा कि पंचायत एवं ग्रामीण विकास विभाग ‘पेसा’ कानून को अमलीजामा पहनाने नियम बनाने के लिए पिछले डेढ़ वर्ष से आदिवासी विकासखंडों के लोगों, आदिवासी समाज के प्रतिनिधियों, निर्वाचित जनप्रतिनिधियों, जनजातियों के कल्याण, पंचायतीराज सशक्तिकरण और वनाधिकारों के लिए काम करने वाले संगठनों से लगातार चर्चा कर सुझाव प्राप्त कर रही है। इन सबसे मिले सुझावों के आधार पर नियमों का प्रारूप तैयार किया गया है। अनुसूचित जाति एवं अनुसूचित जनजाति विकास मंत्री डॉ. प्रेमसाय सिंह टेकाम, सांसद श्रीमती ज्योत्सना महंत तथा विधायकगण सर्वश्री लखेश्वर बघेल, देवेन्द्र बहादुर सिंह और डॉ. प्रीतम राम ने बैठक में ‘पेसा’ नियमों के प्रारूप पर अपने सुझाव रखे।

पंचायत एवं ग्रामीण विकास मंत्री श्री सिंहदेव ने बैठक में बताया कि इन प्रस्तावित नियमों का मसौदा संबंधित अन्य विभागों जैसे राजस्व, वन, आदिवासी विकास, श्रम, गृह तथा आवास एवं पर्यावरण विकास को भी आवश्यक कार्यवाही और सुझावों के लिए भेजा गया है। सांसदों एवं विधायकों से आज प्राप्त सुझावों को भी इसमें शामिल किया जाएगा। उन्होंने कहा कि जो विधायक एवं सांसद आज की बैठक में किन्हीं कारणवश नहीं पहुंच पाए हैं, वे लिखित में अपने सुझाव विभाग को भेज सकते हैं।

श्री सिंहदेव ने कहा कि ‘पेसा’ अनुसूचित क्षेत्र के लोगों के लिए संवेदनशील विषय रहा है। इसके लिए नियम बनाते समय गैर-आदिवासी समाज की शंका और संशय का भी निवारण किया जाना है। उन्होंने कहा कि प्रस्तावित नियमों को अंतिम रूप दिए जाने के बाद मुख्यमंत्री श्री भूपेश बघेल से चर्चा के बाद इसे कैबिनेट की बैठक में लाया जाएगा। पंचायत एवं ग्रामीण विकास विभाग की अपर मुख्य सचिव श्रीमती रेणु जी. पिल्लै, सचिव श्री प्रसन्ना आर. और आयुक्त श्री अविनाश चंपावत भी बैठक में मौजूद थे।  

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