
राजनांदगांव। जिला मुख्यालय की सड़कें अतिक्रमण के चपेट में हैं। आधी सड़क तक दुकानें लगाई जा रही हैं। जिससे सड़कें संकरी हो गई है और लोगों को जाम की समस्या से जूझना पड़ रहा है। प्रमुख चौराहों व मार्गों पर ठेला वाले भी समस्या को और बढ़ा रहे हैं।
शहर के हृदय स्थली कहे जाने वाले मानव मंदिर चौक में सड़क की दोनों- तीनों चौराहों के साथ ही आधी सड़क तक दुकानें लगाई जा रही हैं। बाकायदा छाजन डालकर दुकानदार कब्जा किए हुए हैं। इसी प्रकार की स्थिति शहर के भारत माता चौक, गुरुद्वारा चौक, फवारा चौक, पुरानी सब्जी मंडी, आजाद चौक, नंदाई चौक, नया बाजार का भी है। कहीं सड़कों पर दुकानें लगी हुई हैं तो कहीं ठेला वालों का कब्जा है। इससे शहर में प्रतिदिन जाम की समस्या बनी रहती है। हालांकि यातायात पुलिस ठेला वालों को हटाती है, लेकिन कुछ घंटे के भीतर ही फिर से ठेला वाले दुकानें लगा लेते हैं। पुरानी सब्जी मंडी बाजार की स्थिति यह है कि सड़क तक दुकानें लगने से आने-जाने वालों को परेशानी झेलनी पड़ रही है।
वर्तमान समय में गुरुद्वारा से दिग्विजय कॉलेज की तरफ जाने वाली सड़कों पर बेजा कब्जा बढ़ रहा है। वही महारानी लक्ष्मीबाई स्कूल से रेलवे स्टेशन की ओर जाने वाली सड़क पर बड़ी-बड़ी गाड़ियां खड़े रहने से जाम की स्थिति बनी रहती है। राजनांदगांव की शायद ही कोई सड़क हो जहां बेजा कब्जाधारी न हो। इन बेजा कब्जा की वजह से शहर की सड़के सकरी हो गई है और लोगों को जाम का सामना करना पड़ता है।
शहर के दिग्विजय महाविद्यालय एवं कमला देवी महाविद्यालय के आसपास अवैध रूप से बेजा कब्जा कर दुकान संचालित की जा रही है जिसकी सुध लेने कोई भी प्रशासनिक अमला अभी तक नहीं पहुंचा। इन दुकानों में नशीली पदार्थ बेची जा रही है? असामाजिक तत्वों का जमावड़ा लगा रहता है जिससे आने जाने वाले छात्रों को परेशानियों का सामना करना पड़ता है।

अगर बात करें शहर की यातायात व्यवस्था की जो सबसे ज्यादा बदहाल है शहर का गुड़ाखू लाइन, कामठी लाइन, रामाधीन मार्ग इन सड़कों पर जाने से पहले राहगीरों को सोचना पड़ता है यहां दुकानों की स्थिति कभी नहीं सुधर सकती अतिक्रमण तोडू दस्ते आते है कुछ करवाई होती है फिर सड़के वैसे के वैसे ही रह जाती है।
शहर में आने वाले लोग अपने वाहन सड़क पर ही खड़ी कर देते हैं, जिससे समस्या और बढ़ गई है। शहर में आने वाले ग्राम बोईरडीह निवासी पूरन देवांगन ने बताया कि अतिक्रमण के कारण शहर में जाम की समस्या बनी रहती है। जाम में फंसकर घंटों समय बर्बाद करना पड़ रहा है। शहर के चिखली शांतिनगर निवासी भैरव सिंह यादव ने कहा कि जाम की समस्या दूर करने के लिए अतिक्रमण हटाओ अभियान चलाए जाने की जरूरत है।

उन्होंने कहा कि चिखली स्थित ठाकुर प्यारेलाल चौक (देशमुख होटल चौक) पर प्रतिदिन जाम लग रहा है। वहां लगा ट्राफिक सिग्नल भी बहुत लम्बे समय से बंद है इससे काफी दिक्कत हो रही है। उन्होंने बताया कि देर रात तक यहां पान ठेला दुकानें खुली रहती हैं। चिखली पुलिस इस ओर ध्यान आकर्षित करे और रात को असामाजिक तत्वों का जमावड़ा को भगाया जाए।
शहर में अतिक्रमण के लिए जितने जिम्मेदार अस्थायी दुकानदार हैं। उससे कहीं अधिक जिम्मेदार स्थायी दुकानदार है, जिन्होंने अपनी दुकान को फुटपाथ पर भी लगा कर रखा है। इतना ही नहीं बारिश व धूप से बचने के लिए अस्थायी शेड तक बना दिया है। बाजार के अधिकांश स्थायी दुकानदारों ने भी अतिक्रमण को बढ़ावा दिया है. हालांकि उनका कहना है कि हमलोग अपनी दुकान आगे नहीं बढ़ाएं, तो फल, सब्जी व ठेला वाले हमारे दुकान के आगे दुकान लगा देंगे। स्थिति यह है कि कई स्थायी दुकानदारों ने तो अपनी दुकान के सामने फुटपाथ तक को किराये पर दे रखा है. इसके कारण अतिक्रमण की समस्या और जटिल होती जा रही है।









































