
आस्था और उल्लास के रंग में रंगा न्यू सिविल लाइन, गरबा और विविध प्रतियोगिताओं ने बढ़ाई रौनक
प्रतिदिन गरबा एवं महाआरती में उत्साहपूर्वक शामिल होते हैं कॉलोनीवासी
राजनांदगांव 19 अक्टूबर । राजनांदगांव शहर के न्यू सिविल लाइन में दुर्गा पूजा उत्सव समिति द्वारा प्रतिवर्ष की भांति इस वर्ष भी शारदीय नवरात्रि पर्व श्रद्धा, भक्ति एवं हर्षोल्लास के साथ मनाया गया। वर्ष 2000 से लगातार मां दुर्गा की प्रतिमा स्थापित कर नवरात्रि पर्व मनाने की परंपरा आज भी उत्साह के साथ जारी है।
नवरात्रि के नौ दिनों तक माता रानी की पूजा-अर्चना एवं आराधना के साथ विभिन्न धार्मिक, सांस्कृतिक एवं मनोरंजक गतिविधियों का आयोजन किया गया। इन आयोजनों में बच्चों, युवाओं, महिलाओं एवं बुजुर्गों ने उत्साहपूर्वक भाग लेकर सामाजिक एकता और आपसी सद्भाव का परिचय दिया।
दुर्गा पूजा उत्सव समिति के कार्यकर्ता अजय श्रीवास्तव ने बताया कि न्यू सिविल लाइन में नवरात्रि पर्व केवल धार्मिक आयोजन तक सीमित नहीं है, बल्कि यह कॉलोनीवासियों को एकजुट करने और नई पीढ़ी को अपनी संस्कृति एवं परंपराओं से जोड़ने का महत्वपूर्ण माध्यम भी है। नवरात्रि के दौरान प्रतिदिन अलग-अलग सांस्कृतिक एवं मनोरंजक गतिविधियां आयोजित की जाती हैं। इनमें बच्चों की फैंसी ड्रेस, नृत्य एवं गायन प्रतियोगिता, कुर्सी दौड़, मटका फोड़, अंताक्षरी सहित विभिन्न प्रतियोगिताएं प्रमुख हैं। इन गतिविधियों के माध्यम से बच्चों को अपनी प्रतिभा प्रदर्शित करने का अवसर मिलता है, वहीं महिलाओं एवं युवाओं की सक्रिय भागीदारी से उत्सव का उल्लास और बढ़ जाता है।
समिति के कार्यकर्ता जितेन्द्र शर्मा ने बताया कि नवरात्रि पर्व के दौरान प्रतिदिन गरबा का आयोजन विशेष आकर्षण रहता है। पारंपरिक भक्ति गीतों एवं संगीत की धुन पर महिलाएं, युवतियां और बच्चे उत्साहपूर्वक गरबा में शामिल होते हैं। इसके साथ ही प्रतिदिन मां दुर्गा की पूजा-अर्चना एवं महाआरती में बड़ी संख्या में श्रद्धालु शामिल होकर सुख-समृद्धि एवं खुशहाली की कामना करते हैं।
समिति की विशेषता यह है कि यहां अध्यक्ष एवं उपाध्यक्ष जैसे पदों के बजाय सभी सक्रिय कार्यकर्ता आपसी सहयोग और सामूहिक सहभागिता से आयोजन की जिम्मेदारी निभाते हैं। कॉलोनी में नए आने वाले सदस्य भी समिति से जुड़कर आयोजन में अपनी भागीदारी सुनिश्चित करते हैं।
समिति द्वारा पारिवारिक वातावरण में नवरात्रि पर्व मनाने की परंपरा को निरंतर आगे बढ़ाया जा रहा है। न्यू सिविल लाइन का यह आयोजन धार्मिक आस्था के साथ सामाजिक समरसता, सांस्कृतिक संरक्षण एवं सामूहिक एकता का सुंदर उदाहरण बना हुआ है।











































