
दो पुरुष और तीन महिला नक्सली शामिल, कई बड़ी वारदातों में रहे थे सक्रिय
राजनांदगांव/गढ़चिरौली। राजनांदगांव जिले से सटे महाराष्ट्र के गढ़चिरौली जिले में पुलिस को नक्सल विरोधी अभियान के तहत बड़ी सफलता मिली है। गढ़चिरौली पुलिस के समक्ष पांच हार्डकोर नक्सलियों ने आत्मसमर्पण कर समाज की मुख्यधारा में लौटने का संकल्प लिया है। आत्मसमर्पण करने वाले माओवादियों में दो पुरुष और तीन महिला सदस्य शामिल हैं। इन सभी पर महाराष्ट्र सरकार द्वारा कुल 38 लाख रुपये का इनाम घोषित था।
जानकारी के अनुसार आत्मसमर्पित नक्सलियों में एक डीवीसीएम, एक पीपीसीएम, एक एसीएम सहित कुल दो अन्य सदस्य शामिल हैं, जो मोहला-मानपुर, बस्तर और गढ़चिरौली क्षेत्रों के निवासी बताए जा रहे हैं। ये सभी लंबे समय से माओवादी संगठन से जुड़े हुए थे और कई घातक घटनाओं में सक्रिय भूमिका निभा चुके हैं।गढ़चिरौली के पुलिस अधीक्षक एम. श्री रमेश ने बताया कि आत्मसमर्पण करने वाले माओवादी बस्तर, महाराष्ट्र और मोहला-मानपुर क्षेत्रों में कई नक्सली वारदातों में शामिल रहे हैं। उन्होंने कहा कि जिले में चलाया जा रहा अभियान लगातार सफल हो रहा है और अब गढ़चिरौली में माओवादी आंदोलन समाप्ति की ओर बढ़ रहा है।

पुलिस अधीक्षक ने बताया कि केंद्रीय समिति सदस्य एवं सीपीआई (माओवादी) के प्रवक्ता भूपति के आत्मसमर्पण के बाद अब तक कुल 1063 माओवादी सदस्य 637 हथियारों के साथ आत्मसमर्पण कर चुके हैं। यह नक्सल उन्मूलन अभियान की बड़ी उपलब्धि मानी जा रही है।आत्मसमर्पण के दौरान पुलिस प्रशासन ने सभी माओवादियों का संविधान की पुस्तक भेंट कर स्वागत किया तथा उन्हें समाज की मुख्यधारा में शामिल होकर नई शुरुआत करने का संकल्प दिलाया। पुलिस अधिकारियों ने उम्मीद जताई कि अन्य नक्सली भी हिंसा का रास्ता छोड़कर शांति और विकास की राह अपनाएंगे।










































