back to top

दुर्ग : 21 साल की लड़की 28 दिन बाद पूरी तरह स्वस्थ होकर लौटी, 70 तक पहुंच गया था सैचुरेशन….

चंदूलाल चन्द्राकर कोविड केअर हॉस्पिटल में थीं एडमिट, आज हुई रिचार्ज
दुर्ग 15 मई 2021कोविड की दूसरी लहर युवाओं को भी बुरी तरह से संक्रमण का शिकार कर रही है बड़ी संख्या में युवा भी इसके संक्रमण का गंभीर संक्रमण का शिकार हो रहे हैं लेकिन अच्छी बात यह है कि अच्छे इलाज की वजह से यह संक्रमण के दायरे से बाहर भी आ रहे हैं। चंदूलाल चंद्राकर कोविड केयर हॉस्पिटल में ऐसा ही जूली के साथ भी हुआ जूली मात्र 21 वर्ष की लड़की है जो संक्रमण का शिकार हुई। जब जूली को चंदूलाल चंद्राकर केयर हॉस्पिटल में लाया गया उस समय उसका ऑक्सीजन लेवल 70 था।

Advertisements

28 दिन के इलाज के पश्चात जूली डिस्चार्ज हुई और अब जूली का ऑक्सीजन लेवल 95 है। कोविड केयर हॉस्पिटल के मेडिकल ऑफिसर डॉ. अनिल शुक्ला ने बताया कि जब जूली का एडमिशन हुआ उस समय उसकी स्थिति गंभीर थी डॉक्टरों के द्वारा जरूरी मेडिसिन प्लान किए गए, धीरे-धीरे राहत मिलती गई और अब जूली पूरी तरह से संक्रमण से बाहर है और स्वस्थ है। उन्हें पोस्ट कोविड केयर एक्सरसाइज के बारे में बताया गया है। जूली के पिता ने चर्चा में बताया कि हमें उम्मीद से भी अधिक अच्छा इलाज और इतना अच्छा केयर यहां मिल पाया। यहां का हॉस्पिटल स्टाफ बहुत सहयोगी है।

डॉक्टर्स दो से तीन बार राउंड लगाते हैं और मरीज के पैरामीटर पर पूरी तरह से नजर रखते हैं। यहां अस्पताल का अनुभव बहुत अच्छा है खाने पीने की व्यवस्था भी बहुत अच्छी है। उल्लेखनीय है कि चंदूलाल चंद्राकर कोविड केयर हॉस्पिटल में 25 बेड का आईसीयू भी शुरू हो गया है। यहां सभी बेड में वेंटिलेटर की सुविधा उपलब्ध है तथा आईसीयू केयर स्टाफ 24 घंटे के लिए विशेषज्ञ डॉक्टरों के साथ उपलब्ध है। इसके चलते अब बेहद क्रिटिकल मरीजों को शंकराचार्य हॉस्पिटल में शिफ्ट करने की आवश्यकता नहीं रह गई है।

उल्लेखनीय है कि कोविड संक्रमण की स्थिति को देखते हुए हॉस्पिटल में तेजी से ऑक्सीजन बेड एवं अतिरिक्त हॉस्पिटल मैनेजमेंट स्टाफ का इंतजाम किया गया। इससे मरीजों की रिकवरी काफी तेज हुई है और बहुत से गंभीर मरीज बेहतर हालात में रिकवर होकर घर लौट गए हैं।

Advertisements

You cannot copy content of this page