
कोरबा। छत्तीसगढ़ के कोरबा जिले में तंत्र-मंत्र के दौरान 3 लोगों की संदिग्ध मौत हो गई। बुधवार देर रात बरबसपुर स्थित एक स्क्रैप यार्ड के कमरे से स्क्रैप व्यवसायी अशरफ मेमन, तुलसी नगर निवासी सुरेश साहू और दुर्ग निवासी नीतीश कुमार के शव एक ही कमरे में मिले।

घटना उरगा थाना क्षेत्र की है। हालांकि, सिविल लाइन पुलिस मामले की जांच कर रही है। शुरुआती जांच में पता चला है कि बिलासपुर निवासी कथित तांत्रिक राजेंद्र कुमार 3 साथियों के साथ बुधवार रात कोरबा पहुंचा था। दावा किया गया था कि 5 लाख रुपए को तंत्र-मंत्र से 2.5 करोड़ रुपए में बदल दिया जाएगा। जिसे बराबर बांटने की योजना थी।
पुलिस ने अब तक 5 आरोपियों को हिरासत में लिया है। रात करीब 11 बजे स्क्रैप यार्ड में तंत्र-मंत्र का कथित अनुष्ठान शुरू हुआ। राजेंद्र कुमार ने तीनों को एक-एक कर अलग कमरे मेंबुलाया, उन्हें नींबू दिया, जमीन पर रस्सी से घेरा बनाया और कमरे में बंद कर दिया। उसने कहा कि कमरा 30 मिनट से एक घंटे बाद खोला जाएगा। निर्धारित समय के बाद जब कमरे का ताला खोला गया, तो तीनों मृत पड़े मिले। यह देखकर मौजूद लोग घबरा गए और पुलिस को सूचना दी। हालांकि, साथी लोग उन्हें अस्पताल ले गए, जहां डॉक्टरों ने मृत घोषित कर दिया।
राजेंद्र के साथ आए बिलासपुर निवासी अश्वनी कुर्रे ने बताया कि अचानक हुई मौतों के बारे में उसे भी कुछ पता नहीं है। उसका दावा है कि तंत्र-मंत्र कराने के बाद तीनों की मौत हो गई, लेकिन यह कैसे हुआ, उसकी उन्हें जानकारी नहीं। इस घटना के बाद से राजेंद्र फरार हो गया था, जिसे हिरासत में लिया गया है। मृतक सुरेश साहू की पत्नी गुड़िया देवी ने कहा कि बिलासपुर का संजय साहू पिछले 5 दिन से कुछ करवाने के लिए पैसे के लिए उनके दिमाग में प्रेशर डाल रहा था।
घर आकर उनको रात 12 बजे साथ ले गए। पता नहीं कहां खाना खिलाए हैं। 3 बजे आखिरी बार बात हुई उसके बाद से वह फोन नहीं उठा रहे थे। कोरबा सीएसपी भूषण एक्का ने बताया कि, शुरुआती जांच में जहरखुरानी का शक गहरा रहा है, लेकिन मौत की वास्तविक वजह पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट आने के बाद ही स्पष्ट हो पाएगी। फोरेंसिक टीम मौके पर पहुंची, और यार्ड को सील कर दिया गया है। पुलिस राजेंद्र कुमार और उसकी टीम से पूछताछ कर रही है। यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि यह तंत्र-मंत्र का धोखा था या किसी तरह की साजिश ।









































