
बालोद, सात जून। छत्तीसगढ़ के बालोद में शादी के 45वें दिन दुल्हन अपने बॉयफ्रेंड के साथ ससुराल से भाग निकली। 6 जून की रात ग्राम परसोदा में युवक बाइक लेकर ससुराल पहुंचा। बिना किसी को बताए दोनों घर से निकल गए।
करीब 20 किलोमीटर दूर रेल पटरी के पास पहुंचे। वहां दोनों के बीच झगड़ा हो गया। जब महिला ने शादी से मना किया तो बॉयफ्रेंड ने ट्रेन के सामने कूदकर जान दे दी। उसे बचाने कूदी गर्लफ्रेंड घायल हो गई। पटरी पर इसी अवस्था में उसने डायल 112 में कॉल कर पुलिस को घटना की जानकारी भी दी। मामला बालोद थाना क्षेत्र का है।
दोनों इंस्टाग्राम पर दोस्त बने थे, उनके बीच ढाई साल से अफेयर था। युवक भी शादीशुदा था। घायल महिला का अस्पताल में इलाज जारी है। जानकारी के मुताबिक, गर्लफ्रेंड का नाम मोनिका खरे (23) है, जबकि बॉयफ्रेंड का नाम मिथलेश ठाकुर (28), जो ग्राम भीमपुरी (डौंडीलोहारा) का रहने वाला था, वह पेशे से ड्राइवर था। कांकेर जिले के ग्राम कोरतरा रहनेवाली मोनिका की शादी 22 अप्रैल 2026 को ग्राम परसोदा (जगन्नाथपुर) निवासी टीकम कुमार खरे से हुई थी।
शादी के महज 45 दिन बाद शनिवार (6 जून) की रात करीब 1 बजे वह बॉयफ्रेंड मिथलेश ठाकुर के साथ बाइक पर सवार होकर घर से भाग गई। दोनों करीब 20 किलोमीटर दूर ग्राम दैहान स्थित रेलवे अंडरब्रिज के ऊपर रेलवे ट्रैक के पास पहुंचे। जहां दोनों के बीच काफी देर तक बातचीत और झगड़ा होता रहा। इसी दौरान मिथलेश मोनिका पर शादी कर साथ रहने का दबाव बना रहा था। मोनिका उसे रेलवे पटरी से दूर ले गई, लेकिन कुछ देर बाद वह फिर पटरी पर जाकर बैठ गया।
ट्रेन पास ई आने पर मोनिका मिथलेश को पटरी से हटने के लिए कहती रही। इसके बावजूद वह वहां से नहीं हटा। घबराई मोनिका उसे खींचकर हटाने की कोशिश करने लगी, तभी दोनों ट्रेन की चपेट में आ गए। मिथलेश के सिर पर गंभीर चोट आई, जिससे उसकी मौके पर ही मौत हो गई। वहीं मोनिका भी गंभीर रूप से घायल हो ने गई। मोनिका ने किसी तरह डायल-112 परकॉल कर हादसे की जानकारी दी और मदद म मांगी। सूचना मिलते ही पुलिस टीम मौके पर 5 थी।
पुलिस ने उसे तुंरत जिला अस्पताल इ पहुंचोया। इधर, नवविवाहिता के पति टीकम पहुंची, लेकिन तब तक वह बेहोश हो चुकी – कुमार खरे ने बताया कि शनिवार तड़के करीब 2-30 बजे उनकी नींद खुली तो पत्नी घर पर नहीं मिली। पहले उन्हें लगा कि वह आसपास कहीं गई होगी, लेकिन काफी देर तक वापस नहीं लौटने पर उन्होंने परिजनों के साथ उसकी तलाश शुरू कर दी।
गांव और आसपास के रास्तों में खोजबीन की गई, लेकिन उसका कोई पता नहीं चल सका। करीब 3 बजे पत्नी ने फोन उठाया और रेलवे ट्रैक पर हादसा होने की जानकारी दी। शुरुआती सूचना के आधार पर वह परिजनों के साथ लाटाबोड़ स्टेशन और आसपास के क्षेत्रों में पत्नी को तलाशते रहे। इसी दौरान उन्हें पुलिसकर्मियों का फोन आया, जिससे पता चला कि दैहान क्षेत्र के रेलवे ट्रैक पर दुर्घटना हुई है। सूचना मिलते ही रिश्तेदार जिला अस्पताल पहुंचे। वहां मिथलेश का शव भी रखा हुआ था.









































