back to top

राजनांदगांव : राष्ट्रीय हरित प्राधिकरण द्वारा पटाखों के उपयोग के संबंध में समय सीमा निर्धारित…

  • त्यौहारों में सीमित समय के लिए ग्रीन पटाखों का करें उपयोग
राजनांदगांव 18 अक्टूबर 2024। राष्ट्रीय हरित प्राधिकरण द्वारा पटाखों के उपयोग के संबंध में समय सीमा निर्धारित किया गया है। जिसके अनुसार इस वर्ष दीपावली के दिन पटाखें फोडऩे के लिए रात 8 बजे से रात्रि 10 बजे तक की समय सीमा निर्धारित की गई है।

 इसी तरह छठ पूजा के लिए सुबह 6 बजे से सुबह 8 बजे तक, गुरू पर्व पर रात्रि 8 बजे से रात्रि 10 बजे तक, नया वर्ष व क्रिसमस पर रात्रि 11.55 बजे से रात्रि 12.30 बजे तक ही पटाखे फोड़े जाने का समय निर्धारित किया गया है। आदेश का पालन कराने के लिए कड़ी निगरानी की जाएगी। कम उत्सर्जन करने वाले इम्प्रुव्ड एवं हरित पटाखों का निर्माण एवं विक्रय किया जाएगा। इसके अतिरिक्त अन्य पटाखों के उत्पादन एवं विक्रय पर रोक लगाई जाएगी। 

उच्चतम न्यायालय द्वारा पटाखों के उपयोग के संबंध में रिट पिटीशन (सिविल) श्री अर्जुन गोपाल विरूद्ध यूनियन ऑफ इंडिया में पारित आदेश के परिपालन में सीरीज पटाखे अथवा लडिय़ों के विक्रय, उपयोग एवं निर्माण को प्रतिबंधित करना है। केवल उन्हीं पटाखों का विक्रय किया जाना है, जिसका ध्वनि का स्तर निर्धारित सीमा 125 डेसीबल के भीतर हो। 

ऑनलाईन अर्थात ई-व्यापारी वेबसाईटों जैसे फ्लिपकार्ट, अमेजॉन आदि से पटाखों की बिक्री प्रतिबंधित कर दी गई है। उच्चतम न्यायालय ने कम्युनिटी फायर क्रेकिंग के लिए नगरीय निकायों को अपने अधिकार क्षेत्र में एक उपयुक्त स्थल का निर्धारण शीघ्र कर आम जनता को निर्धारित स्थल की जानकारी दीपावली के एक सप्ताह पूर्व आवश्यक रूप से देने के निर्देश दिए हंै। 

पटाखों का बहुतायत में उपयोग होने से वायु प्रदूषण के स्तर में वृद्धि होती है। वायु प्रदूषण बढऩे के कारण बीमारियों के घातक रूप की संभावना होती है। उच्चतम न्यायालय द्वारा दिये गये निर्देशों के संबंध में नागरिकों को व्यापक स्तर पर जागरूक करने कहा गया है। 

छत्तीसगढ़ पर्यावरण संरक्षण मण्डल भिलाई द्वारा दीपावली के अवसर पर शहर में परिवेशीय वायु गुणवत्ता का मापन का कार्य किया जा रहा है। जिसे पूर्ण करने के उपरांत मण्डल मुख्यालय के माध्यम से केन्द्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड नई दिल्ली को प्रेषित किया जाएगा। 
Advertisements

You cannot copy content of this page