
राजनांदगांव 08 अक्टूबर 2026। सेवा संकल्प अभियान अंतर्गत सेवा के रंग, राष्ट्र के संग गतिविधि के तहत कृषि उपज मंडी राजनांदगांव में निर्मित विशाल रंगोली में जनसेवा, सुशासन और विकसित भारत की परिकल्पना की आकर्षक झलक देखने को मिली। जिले के महाविद्यालयों के विद्यार्थियों एवं शिक्षकों ने सामूहिक प्रयास से वृत्ताकार रंगोली तैयार कर शासन की जनकल्याणकारी योजनाओं एवं राष्ट्र निर्माण से जुड़े विभिन्न विषयों को कलात्मक रूप दिया।
रंगोली के अलग-अलग हिस्सों में विकसित छत्तीसगढ़, स्वच्छ भारत अभियान, जल संरक्षण, पर्यावरण संरक्षण, डिजिटल इंडिया, स्वास्थ्य जागरूकता, शिक्षा, महिला सशक्तिकरण, राष्ट्रीय एकता तथा विकसित भारत 2047 की परिकल्पना को आकर्षक रंगों एवं प्रतीकों के माध्यम से प्रभावी ढंग से प्रदर्शित किया गया। विद्यार्थियों की इस रचनात्मक पहल ने कला के माध्यम से जनजागरूकता और सामाजिक सहभागिता का संदेश दिया।
कृषि उपज मंडी परिसर में 7 अक्टूबर को आयोजित विकसित भारत संकल्प सभा एवं सेवा ज्योति कलश यात्रा के अवसर पर यह विशाल रंगोली विशेष आकर्षण का केन्द्र रही। रंगोली में भारत के मानचित्र, राष्ट्रीय ध्वज, स्वच्छता एवं पर्यावरण से जुड़े प्रतीकों तथा विभिन्न योजनाओं के चित्रण ने लोगों का ध्यान आकर्षित किया।
कार्यक्रम में उपस्थित जनप्रतिनिधियों, अतिथियों एवं आम नागरिकों ने रंगोली का अवलोकन कर विद्यार्थियों की कलात्मक प्रतिभा और रचनात्मक प्रयासों की सराहना की। इस आयोजन के माध्यम से प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी के जनसेवा एवं सुशासन के 25 वर्ष पूर्ण होने के अवसर पर जनभागीदारी से आभार व्यक्त करने के साथ विकसित भारत 2047 के संकल्प को प्रदर्शित किया गया।
जिला स्तरीय आयोजन के साथ ही डोंगरगढ़, डोंगरगांव एवं छुरिया विकासखंड मुख्यालयों में भी संबंधित महाविद्यालयों के प्राचार्यों, शिक्षकों एवं विद्यार्थियों द्वारा सार्वजनिक स्थलों पर रंगोली बनाई गई।
इस गतिविधि के माध्यम से विद्यार्थियों को अपनी कला एवं रचनात्मकता प्रदर्शित करने के साथ जनजागरूकता अभियान में सक्रिय भागीदारी निभाने का अवसर मिला। रंगोली निर्माण की इस पहल ने कला को जनसेवा और विकसित भारत के संकल्प से जोडऩे का प्रभावी उदाहरण प्रस्तुत किया।
जिले के शासकीय दिग्विजय महाविद्यालय, शासकीय कमला देवी राठी महाविद्यालय, शासकीय शिवनाथ विज्ञान महाविद्यालय, शासकीय आदर्श अंग्रेजी महाविद्यालय सोमनी, कॉन्फ्रेंस महाविद्यालय, शासकीय पंडित किशोरी लाल विधि महाविद्यालय तथा रॉयल महाविद्यालय के विद्यार्थियों एवं शिक्षकों ने रंगोली निर्माण में सक्रिय योगदान दिया।










































